हीरा खरीदना अब पहले के मुकाबले सस्ता हो सकता है। पिछले कुछ समय से डायमंड की कीमतों पर दबाव बना हुआ है। खासकर लैब में तैयार होने वाले डायमंड लगातार सस्ते हो रहे हैं। वहीं, नैचुरल डायमंड के दाम भी 2021 के मुकाबले करीब 30-40 फीसदी नीचे आ चुके हैं। बाजार में मांग कमजोर है और दूसरी तरफ लैब डायमंड की सप्लाई लगातार बढ़ रही है। ऐसे में डायमंड इंडस्ट्री के सामने बड़ी चुनौती खड़ी हो गई है।
नैचुरल डायमंड के दाम में बड़ी गिरावट नैचुरल डायमंड यानी जमीन से निकाला गया असली हीरा लंबे समय से महंगे आभूषणों की पहचान रहा है। लेकिन अभी इसके दाम दबाव में हैं। थोक बाजार में नैचुरल डायमंड की कीमतें 2021 के मुकाबले करीब 30-40 फीसदी कम हो चुकी हैं। एक सामान्य 1 कैरेट राउंड नैचुरल डायमंड की खुदरा कीमत फिलहाल करीब 3,530 से 3,860 डॉलर के बीच बताई जा रही है।
आखिर क्यों सस्ता हुआ डायमंड इसके पीछे कई वजहें हैं। डायमंड की मांग पहले जैसी मजबूत नहीं है। बाजार में सप्लाई ज्यादा है और सबसे बड़ी बात यह है कि लैब में तैयार होने वाले डायमंड अब काफी सस्ते मिल रहे हैं।
लैब डायमंड 70-85 फीसदी तक सस्ता लैब-ग्रोन डायमंड ने बाजार का पूरा समीकरण बदल दिया है। इसे लैब में तैयार किया जाता है, लेकिन इसकी रासायनिक बनावट नैचुरल डायमंड जैसी ही होती है। सबसे बड़ा फर्क कीमत का है। लैब डायमंड आमतौर पर नैचुरल डायमंड के मुकाबले 70-85 फीसदी तक सस्ता होता है। यही वजह है कि कम बजट में डायमंड खरीदने वाले ग्राहकों के लिए यह एक आकर्षक विकल्प बन रहा है।
ट्रेडिंग व्यू की रिपोर्ट के मुताबिक 2022 के बाद से लैब-ग्रोन डायमंड की थोक कीमतें 75 फीसदी से ज्यादा गिर चुकी हैं। मार्च 2025 के बाद भी इनके दाम करीब 29.9 फीसदी नीचे आए हैं।
चीन से आ रही सस्ते डायमंड की बाढ़ लैब डायमंड की बढ़ती सप्लाई में चीन की बड़ी भूमिका है। दुनिया के 60 फीसदी से ज्यादा लैब-ग्रोन डायमंड का उत्पादन चीन में होता है। 2026 की पहली छमाही में चीन से लैब डायमंड का निर्यात सालाना आधार पर 65.3 फीसदी बढ़ा। यानी बाजार में सस्ते डायमंड की सप्लाई और बढ़ रही है। इसका सीधा असर मिड-रेंज नैचुरल डायमंड पर पड़ रहा है, क्योंकि ऐसे डायमंड खरीदने वाले ग्राहक अब लैब डायमंड को भी विकल्प के तौर पर देख रहे हैं।
हालांकि इसका मतलब यह नहीं है कि हर नैचुरल डायमंड सस्ता हो गया है। बड़े आकार, अच्छे रंग और बेहतर क्वालिटी वाले हीरों की कीमत अभी भी काफी मजबूत है। इनकी सप्लाई कम होने के कारण इन्हें प्रीमियम कीमत मिलती है।

