मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार और चुनाव आयोग के खिलाफ कॉकरोच जनता पार्टी के प्रदर्शन ने कांग्रेस ने भले ही फिजिकल दूरी बना रखी हो लेकिन पार्टी अपने बयानों से सीजेपी के साथ दिखाई दे रही है। लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने सोशल मीडिया प्लैटफॉर्म एक्स पर लिखा, ज्ञानेश कुमार जाएंगे। यह सरकार जाएगी। फिर शुरू होगी लोकतंत्र की मरम्मत।
आपको बता दें कि राहुल गांधी और प्रियंका गांधी समेत कांग्रेस के दिग्गज नेता पिछले तीन दिनों से सीईसी के इस्तीफे की मांग को लेकर प्रदर्शन कर रहे थे। वहीं आज राहुल गांधी चेन्नई में छात्रों की गूंज कार्यक्रम में शामिल होने जा रहे हैं। वह सुबह ही चेन्नई के लिए रवाना हो गए हैं।
बुरी तरह घबराई बीजेपी- कांग्रेस कांग्रेस महासचिव जयराम रमेश ने कहा, देश की राजधानी को एक किले में तब्दील कर दिया गया है। हर तरफ हथियारबंद सुरक्षाकर्मी तैनात हैं। संविधान के अनुच्छेद 326 के तहत मिले वोट देने के अधिकार को सुनियोजित तरीके से छीनने की कोशिश को लेकर चिंतित युवाओं के शांतिपूर्ण विरोध प्रदर्शन से PM-HM की जोड़ी बुरी तरह घबराई और बौखलाई हुई है।
उन्होंने कहा,इस बात के पक्के सबूत हैं कि मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार ने अपनी नियुक्ति के समय इस विनाशकारी जोड़ी द्वारा दिए गए आदेशों का पूरी वफादारी से पालन किया। दिसंबर 2023 में, जब विपक्ष के 145 सांसदों को निलंबित कर दिया गया था, तब उन्हें आजीवन कानूनी संरक्षण देने वाला कानून संसद से जबरन पारित कराया गया था।
रमेश ने कहा, सुप्रीम कोर्ट तक से झूठ बोलने वाले CEC का इस्तीफा अब एक नैतिक अनिवार्यता बन गया है। लेकिन यह हमारे लोकतंत्र की बुनियाद को वापस हासिल करने की दिशा में सिर्फ पहला कदम है। लोकतंत्र की इस बुनियाद को फिर से मजबूत करना सभी लोगों, खासकर युवाओं की उम्मीदों और आकांक्षाओं को पूरा करने के लिए बेहद जरूरी है।
एसआईआर रोकना जरूरी- कांग्रेस कांग्रेस महासचिव ने कहा, SIR की प्रक्रिया को रोकना भी जरूरी है, जिसके जरिए अब तक करीब 14 करोड़ भारतीयों से उनका मताधिकार छीना जा चुका है। हमारी चुनावी व्यवस्था में जनता का भरोसा और विश्वास बहाल करने के लिए SIR को रद्द करना आवश्यक है।
आपको बता दें कि सीजेपी के प्रोटेस्ट से पहले दिल्ली पुलिस ने राजधानी को छावनी में तब्दील कर दिया है। प्रदर्शनकारियों को जगह-जगह से हिरासत में लिया जा रहा है। वहीं सीजेपी के संस्थापक अभिजीत दीपके, आशुतोष रांका और सौरव दास को एयरपोर्ट पर विमान के अंदर से ही हिरासत में ले लिया गया है।

